प्रदेश में चुनाव करीब आ चुके है और कभी भी आचार संहिता लग सकती है ऐसे में अतिथि शिक्षकों का भविष्य एक बार फिर खतरे में

0

img-20161130-wa0001

समायोजन की मांग को लेकर अब गेस्ट टीचर्स की अनिश्चित कालीन भूख हड़ताल का आज चोथा दिन हे  लेकिन अभी  तक सरकार के द्वारा इनके ऊपर कोई निर्णय नही लिया गया है  राजधानी देहरादून स्थित धरना स्थल गेस्ट टीचर अपनी तदर्थ नियुक्ति  करने की मांग को लेकर पिछले चार  दिन से  भूख हड़ताल पर बैठे हें    तो वहीँ अब इनका कहना है कि हम तब तक  भूख हड़ताल करते रहंगे जब तक    सरकार हमारी मांग पूरी नही करती साथ ही इनका कहना हे की हमें आज होने वाली केबिनेट पर पूरा भरोसा हे की सरकार हमारे लिए कुछ ठोस निर्णय लेगी 

31 मार्च 2017 तक ही सेवा में रखे जाने की बाध्यता को सरकार द्वारा जब तक समाप्त नही किया जाता तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा–

गौरतलब है कि अतिथि शिक्षक सरकार से अपना भविष्य सुरक्षित करने की मांग कर रहे है।क्योंकि हाईकोर्ट के हाल ही में दिए गये आदेश के अनुसार अतिथि शिक्षकों को केवल 31 मार्च 2017 तक ही सेवा में रखा जा सकता है। इनका कहना है  कि सीएम हरीश रावत और शिक्षा मंत्री ने अतिथि शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित रखने का वादा किया है लेकिन प्रदेश में चुनाव करीब आ चुके है और कभी भी आचार संहिता लग सकती है ऐसे में अतिथि शिक्षकों का भविष्य एक बार फिर खतरे में पड़ जायेगा। वहीँ उनका कहना है कि सरकार के सामने ऐसी कोई परिस्थिति नही है जिससे उन्हें दिक्कत हो साथ ही वह और विभागों के मांग तुरंत पूरी कर रहे हैं लेकिन हमें सिर्फ कोरे आश्स्वासन दे रहे हैं ,

संवाददाता – संदीप नेगी

Loading...